हापुड़, सीमन (ehapurnews.com) : उत्तर प्रदेश में अब कोल्हू पर भी शिकंजा कसने की तैयारी शासन कर रहा है जिसके चलते कोल्हू संचालकों को गन्ना पेराई शुरू करने और पेराई बंद करने के समय की सूचना चीनी उद्योग विभाग को देनी होगी. इसके साथ ही कोल्हू संचालकों को गन्ना और गुड़ का रोजाना का हिसाब देना होगा. जनपद हापुड़ में गन्ना पेराई के लिए नौ चीनी मिल है जबकि बड़ी संख्या में कोलू संचालित हैं. जनपद हापुड़ में पेराई सत्र 21-22 में संचालित कोल्हुओं की संख्या 90 से अधिक है जबकि हकीकत में यह संख्या इससे काफी ज्यादा है. कोल्हू संचालकों के पास ना तो गन्ना खरीदने का रिकॉर्ड होता है और ना ही तैयार गुड़ की मात्रा. खांडसारी निरीक्षक ने बताया कि शासन अब सख्त हो गया है जिसके चलते सभी कोल्हू संचालकों को नियमों का पालन करना होगा और गन्ना और गुड़ का रोजाना का हिसाब रखना होगा.





















