गेहूं व सरसों पर मंडी शुल्क की भारी चोरी
हापुड़, सीमन (ehapurnews.com): हापुड़ की भगवती गंज मंडी में अवैध रुप से पनप रहे सरसों व गेहूं के व्यापार से मंडी शुल्क के रुप में मिलने वाले राजस्व से प्रदेश सरकार को हाथ धोना पड़ रहा है। ऐसा नहीं मंडी समिति हापुड़ को इस तथ्य की जानकारी न हो। समिति तो जानकर भी अनजान बनी है, क्योंकि मंडी समिति के कर्मचारी प्रति बोरी के हिसाब से अवैध वसूली कर चुपचाप खिसक जाते है।
करीब 5 दशक पहले प्रदेश सरकार ने गढ़ रोड पर स्थित नवीन मंडी स्थल का निर्माण कराया था और इसके पीछे सरकार का उद्देश्य किसानों को उसके कृषि उत्पाद का लाभकारी मूल्य दिलाना तथा राजस्व चोरी रोकना था। जिला प्रशासन के अथक प्रयास के बाद जिंसों का कारोबार नवीन मंडी स्थल पर शुरु हुआ, परंतु कुछ टैक्स चोर कारोबार को चोरी-छिपे इधर-उधर करते रहते है। हापुड़ की भगवती गंज मंडी गेहूं, सरसों तथा राशन के चावल व बाजरे के कारोबार होने की चर्चा है, जिसमें मंडी समिति के वक्त अवैध वसूली कर उड़न छू हो जाते है। हापुड़ की भगवती गंज मंडी में बिचौलियों द्वारा सरसों व गेहूं की कई हजार बोरी का कारोबार रोजाना कराया जा रहा है और भारी स्टाक भी है। बिचौलियों की हरकत के कारण ही गेहूं व सरसों की सरकारी खरीद प्रभावित हो रही है। चालाक बिचौलिए किसानों से सरसों 4800 रुपए प्रति कुंतल खरीद कर सरसों खरीद केंद्र पर 5650 रुपए बेचने की फिराक में लगे रहते है। बुधवार को भगवती गंज के एक बिचौलिए ने सरसों के सरकारी क्रय केंद्र पर किसान की आड़ में सरसों बेचने का प्रयास किया और पकड़ में आने पर उसे वापिस लौटना पड़ा। सूबे की सरकार को राजस्व चोरी रोकने के लिए कड़े कदम उठाने चाहिए।
होलसेल दामों पर बच्चों के लिए खरीदें स्कूल बैग व फैंसी स्टेशनरी: 9837477500

























