हापुड़, सीमन (ehapurnews.com): हापुड़ के पीरनगर सूदना निवासी पादरी महेंद्र और उसकी पत्नी सीमा ने पूछताछ में कई खुलासे किए हैं। वहीं मामले की जांच में अब एसआईटी के साथ एसटीएफ भी जुट गई है। खुलासा हुआ है कि पादरी धर्मांतरण कराने वालों को पंद्रह-पंद्रह हजार रुपए देता था और 100 लोगों का धर्मांतरण करा चुका है।

खुद का उदाहरण करता पेश:
पीरनगर सूदना में बनाए गए चर्च में पादरी महेंदर प्रार्थना सभा करता था जहां वह खुद का उदाहरण पेश करता था कि पहले वह गरीब था, रोटी के लाले थे लेकिन धर्मांतरण कराने से उसकी जिंदगी में खुशहाली आई। महेंद्र ने सीमा का भी धर्मांतरण कराया और उससे शादी कर ली।
निशाने पर थे मलिन बस्तियों के लोग:
डीसीपी ग्रामीण शुभम पटेल का कहना है कि पादरी के निशान पर मलिन बस्तियों के गरीब लोग रहते थे जिन्हें पैसों की सख्त जरूरत थी। उन्हें नौकरी लगवाने का लालच देकर पैसे का झांसा देता था और पंद्रह-पंद्रह हजार रुपए धर्मांतरण कराने वालों को देता था।

हापुड़ के पीरनगर सूदना में धर्मांतरण कराने के पश्चात उसने सिंभावली, गढ़मुक्तेश्वर, गाजियाबाद के मोदीनगर और मुरादनगर में भी जाल फैला लिया। फिलहाल पादरी के गांव के दो और लोग रडार पर हैं। सूत्र बताते हैं कि हापुड़ जिले में 30 प्रार्थना स्थल बनवाए गए जहां प्रार्थना सभा करके लोगों पर धर्मांतरण का दबाव बनाया जाता था। मामले की जांच जारी है।
दिल्ली की डॉ शूची तनेजा दुआ अब हापुड़ शहर में : 7017732103
























