राशन के चावल का धंधा करने वालों की संख्या बढ़ी
हापुड़, सीमन (ehapurnews.com): राशन के चावल का धंधा मुनाफे का होने के कारण इस कारोबार को करने वालों की संख्या दिन पर दिन बढ़ती जा रही है और इस वक्त जनपद हापुड़ में दो दर्जन से अधिक लोग राशन के चावल के धंधे में लगे है इसके साथ ही सैकड़ों लोगों को रोजगार मिला है जिसमें रिक्शा चालक, टैम्पू चालक, मजदूर आदि शामिल है। हापुड़ में राशन का चावल धंधेबाज 30 रुपए प्रति किलो खरीद कर अन्य प्रांतों के हापुड़ में रह रहे श्रमिकों आदि को 50 रुपए किलो बेच रहे है।
दर्जनों कलैक्शन पाइंट हैः
जनपद हापुड़ के सपनावत, पिलखुवा, धौलाना, सिम्भावली, गढ़मुक्तेश्वर तथा पास के खरखौदा, गजरौला, गुलावठी, मसूरी आदि में कलैक्शन पाइंट है, जहां ग्रामीण क्षेत्र में राशन की दुकानों का चावल एकत्र किया जाता है और फिर छोटे हाथी की मदद से हापुड़ के ठिकानों पर भेजा जाता है।
उपभोक्ता को एक किलो कम मिलता है चावलः
चालाक राशन के दुकानदार उपभोक्ता को एक किलो चावल कम देता है और अपने एजेंटों के माध्यम से एकत्र चावल को नए वारदाने में पलट कर ठिकाने पर पहुंचा देता है। उपभोक्ता भी अपना चावल बेच रहा है। कुछ रिक्शा चावल बस्तियों में जाकर उपभोक्ता के घर से चावल 25-28 रुपए प्रति किलो खरीद कर लाते है।
राशन का चावल बाजार में बिकने की वजहः
राशन पर मुफ्त में मिलने वाला चावल उपभोक्ता की नजर में उत्तम क्वालिटी का नहीं है, दूसरे उपभोक्ता को उसकी जरुरत से ज्यादा चावल मिल रहा है।
दिल्ली की डॉ शूची तनेजा दुआ अब हापुड़ शहर में : 7017732103
सरस्वती कॉलिज ऑफ फार्मेसी में प्रवेश प्रारम्भ : 8791865453, 7217316586


























