हापुड़, सीमन (ehapurnews.com) : उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित 102 व 108 एंबुलेंस गर्भवती महिलाओं के लिए वरदान साबित हो रही है। वहीं सितंबर के महीने में पांच गर्भवती महिलाओं ने एंबुलेंस में बच्चे को जन्म दिया। बता दें कि एक सितंबर को गढ़मुक्तेश्वर के गांव शंकरटीला निवासी कुसुम को प्रसव पीड़ा हुई। 22 वर्षीय कुसुम को लेने एंबुलेंस क्षेत्र के शंकर टीला पहुंची और अस्पताल के लिए रवाना हुई। रास्ते में प्रसव पीड़ा तेज होने पर ईएमटी प्रवीण कुमार ने आशा बबीता के सहयोग से रास्ते में सुरक्षित प्रसव कराया जहां कुसुम ने बच्ची को जन्म दिया।
वहीं 4 सितंबर को प्रियंका पत्नी संजीत निवासी झंडा को प्रसव पीड़ा हुई जिसके बाद 102 एंबुलेंस के चालक विपिन कुमार, ईएमटी मोहम्मद गुलफाम तथा आशा गुड्डी के सहयोग से गर्भवती महिला को अस्पताल के लिए लेकर रवाना हुए। रास्ते में प्रसव पीड़ा तेज होने पर मोहम्मद गुलफाम और आशा ने प्रियंका का सफल प्रसव कराया जिसने बच्चे को जन्म दिया।
वहीं 5 सितंबर को अलीपुर निवासी कुसुम लता पत्नी प्रदीप वर्मा को रात करीब 1:30 बजे काफी तेज प्रसव पीड़ा हुई जिसके बाद आशा राधा ने 108 एंबुलेंस को सूचना दी। सूचना मिलते ही एंबुलेंस चालक एंबुलेंस को लेकर मौके पर पहुंचे और अस्पताल के लिए रवाना हुए। रास्ते में कुसुमलता को प्रसव पीड़ा होने एंबुलेंस स्टाफ विकास और रोहित की सूझबूझ से एंबुलेंस को रास्ते में रुकवा कर सुरक्षित प्रसव कराया गया जहां महिला ने बच्चे को जन्म दिया। जच्चा-बच्चा पूरी तरह स्वस्थ हैं जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
मंगलवार को 108 एंबुलेंस में नन्ही परी की किलकारी गूंजी। गर्भवती महिला रुखसाना पत्नी इसरार निवासी बदरखा को प्रसव पीड़ा होने पर 108 एंबुलेंस को मामले से अवगत कराया गया जहां ईएमटी अजय कुमार और आशा शाहजहां ने प्रसव पीड़ा तेज होने पर रुखसाना का सुरक्षित प्रसव कराया जिस ने बच्चे को जन्म दिया। जच्चा-बच्चा पूरी तरह स्वस्थ हैं जिन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
वहीं मंगलवार को गढ़मुक्तेश्वर के गांव डोलपुर निवासी डोली पत्नी संदीप को प्रसव पीड़ा होने पर 102 एंबुलेंस चालक जयवीर सिंह लेने पहुंचे जहां ईएमटी पवन भारती और आशा सरिता की सूझबूझ से रास्ते में महिला का प्रसव कराया गया। महिला ने पुत्री को जन्म दिया जो पूरी तरह स्वस्थ है।




























