हापुड़, सीमन (ehapurnews.com): जनपद हापुड़ की अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय द्वितीय कोर्ट ने आठ वर्षीय रोहित की हत्या के मामले में दो आरोपियों को दोषी करार दिया है। हत्यारों को न्यायालय ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई। साथ ही 35-35 हजार पर के अर्थदंड से दंडित किया है।
शासकीय अधिवक्ता सौरभ रुहेला और वादी के निजी अधिवक्ता खुर्रम सलीम के अनुसार जनपद हापुड़ के थाना हाफिजपुर क्षेत्र के गांव अकडो ली निवासी मंजू देवी का आठ वर्षीय पुत्र रोहित 12 मई 2021 को लापता हो गया जिसने में थाने में तहरीर देकर पुलिस से मामले में कार्रवाई की मांग की। 18 मई 2021 को गांव के बाहर खेतों में बच्चे का शव मिला जिसकी शिनाख्त रोहित के रूप में हुई। बेटे की मौत की सूचना पर मां के पैरों तले जमीन खिसक गई। बुढ़ापे का सहारा छिन गया। अपने बेटे के शव को क्षत-विक्षत हालत में देख मां को गहरा सदमा लगा लेकिन उसने हिम्मत नहीं हारी और हत्यारों को सजा दिलाने के लिए कानूनी लड़ाई शुरू की।
आरोप के अनुसार चीनू पुत्र विलायती और विपिन पुत्र यशवीर ने अपने एक नाबालिक साथी के साथ इस वारदात को अंजाम दिया पुलिस ने तीनों के खिलाफ हत्या सहित विभिन्न धाराओं में मुकदमा दर्ज किया। बताया जा रहा है कि शव को गड्ढे में आरोपियों ने दबा दिया। मामले की सुनवाई न्यायालय में शुरू हुई। पुलिस ने आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया। सुनवाई के दौरान शुक्रवार को अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश त्वरित न्यायालय द्वितीय कोर्ट ने दोनों पक्षों को सुनने के बाद आरोपियों को दो आरोपियों को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास तथा 35-35 हजार रुपए के अर्थदंड से दंडित किया। हालांकि नाबालिक आरोपी की सुनवाई जिला सत्र न्यायालय में होना संभव नहीं है। इसके लिए पत्रावली विचारण के लिए अलग किशोर न्यायालय को पूर्व में भेजी गई थी जिसकी सुनवाई किशोर न्यायालय में चल रही है जिस समय अदालत ने आरोपियों को दोषी माना उस समय मृतक रोहित की मां मंजू देवी भावुक हो गई। अधिवक्ता खुर्रम सलीम का कहना है कि वह मामले में दोषियों को अधिक से अधिक सजा दिलाने के लिए उच्च न्यायालय में जाने पर विचार कर रहे हैं।
































